तुझसे है राब्ता आज का एपिसोड - उम्र के किसी पडाव पर या जिंदगी के किसी मोड़ पर, चाहे गुमनाम स्याह आधी रात हो या चीखती चिलचिलाती घनी दोपहरी, जब दिल चाहे तब बेझिझक चली आना, मेरी जिंदगी के दरवाजे, मेरे दिल की तरह, तुम्हारे लिए हर वक्त, हर पल, हर मौसम खुले हैं।। मैं अपना सब कुछ तुम पर लुटा दूंगा और कभी नहीं पूछूंगा, एक सवाल तो दिल में है, एक सवाल जो जहन में है।